रविवार, अगस्त 25, 2013

तो फट्टू हिन्दुओं ,आप चैन से सोते रहिये



जिन हिन्दुओं की चौरासी कौसी यात्रा का विवाद देखकर आगे से पेंट गीली हो रही है (अच्छे शब्दों में सांप्रदायिक सद्भाव बिगड़ रहा है ) , उनके लिए पेंट पीछे से "पीली" होने लायक कुछ खबरें :-

चार दिन पहले आपकी ही लोकप्रिय समाजवादी पार्टी ने सारी सरकारी योजनाओं की 20 प्रतिशत धनराशी मुस्लिमों के लिए आरक्षित करने की घोषणा की है और आपको पता तक नहीं चला !!

कुछ महीने पहले आपकी यूपी की लोकप्रिय सरकार ने दुर्दांत आतंकवादियों की रिहाई की कोशिश सिर्फ इसलिए की क्योंकि वे मुस्लिम थे और आपको पता तक नहीं चला !!

आपके ही अखिलेश यादव जी "हमारी बेटी उसका कल" योजना लेकर आये जो सिर्फ मुस्लिम लड़कियों के लिए बनायीं गयी योजना है और आपको पता तक नहीं चला !!

आपकी ही कांग्रेसी असम सरकार ने वहां हिन्दुओं का नरसंहार करवाया , बांग्लादेशियों को बसवाया और आपको पता तक नहीं चला !!

आपके ही हैदराबाद प्रशासन ने मंदिर की घंटियों पर इसलिए रोक लगा दी की क्योंकि एक समुदाय विशेष को उससे "खलल" पड़ता था और आपको पता तक नहीं चला !!

छोटे छोटे बच्चों पर आपके ही शांतिप्रिय लोगों ने इसलिए हमला किया क्योंकि वे प्रभात फेरी में वन्दे मातरम गा रहे थे और आपको पता तक नहीं चला !!

आपकी ही लोकप्रिय कश्मीर सरकार ने किश्तवाड़ में हिन्दुओं की मारकाट का नंगा नाच करवाया और पूरे देश को वहां जाने तक पर प्रतिबन्ध लगा दिया और आपको पता तक नहीं चला

आपकी ही सेक्युलर केंद्र सरकार ने कश्मीर में मारे गए आतंकवादियों के रिश्तेदारों को नौकरी और भत्ता देने की योजना बनायीं और आपको पता तक नहीं चला !!

तो फट्टू हिन्दुओं ,आप चैन से सोते रहिये , पेंट गीली हो या पीली , धोने पोंछने के लिए हम कट्टर सांप्रदायिक हिंदूवादी लोग है ना !!


अपनी बहिनों की मुल्लो से आबरू बचाना दो भाईयो को बहुत भारी पड़ा !!!

यूपी के मुजफ्फरनगर के कवाल क्षेत्र में कालेज की छुंट्टी के बाद गौरव के साथ घर जा रही परिवार की दो लड़कियों से 1.30 बजे शाहनवाज ने छेड़खानी की, जिसका गौरव ने विरोध किया। उस समय तो विवाद टल गया।इसके 15 मिनट के अंदर ही सचिन अपने रिश्ते के भाई मलिकपुरा निवासी गौरव के साथ बाइक से मौके पर पहुंचा। आरोप है कि दोनों ने शहनवाज पर हमला कर लहूलुहान कर दिया। जिसके बाद दर्जनभर मुल्लो ने दोनों की मोटर साइकिल घेर ली। इसके बाद दोनों को दौड़ा-दौड़ा कर तब तक पीटा गया जब तक उनकी जान नहीं चली गयी। क्रूरता का आलम ये कि एक युवक कि गोली से मृत्यु के बाद , दुसरे युवक की छाती पर चढकर उसका गला रेंतने के बाद उसके सिर पर चक्की के पाटो से कई बार प्रहार किया गया !!!

दोनों भाईयो ने बचने के लिए बाइक छोड़कर भागना चाहा, लेकिन चारों तरफ से लोगों ने दोनों को घेर लिया। नाली में गिरा-गिराकर धारदार हथियार से प्रहार किया। इसके बाद दोनों को ईट व पत्थरों से कुचल दिया। हैवानियत का नंगा नाच लगभग आधे घंटे तक चला। इतनी बड़ी घटना के बावजूद चंद कदम दूर स्थित पुलिस चौकी से कोई सिपाही घटनास्थल पर नहीं पहुंच सका।

मैं क्या कहू ???? क्या लिखू ??? बस आँखों में अंगार भरा हुआ हैं !!! आप भी क्या करोगे ??? मैंने लिख दिया हैं , उस पर लाइक की मूक सहमती टेक दोगे !!! आसाराम के खिलाफ दिन रात भौंकने वाली मिडिया ने दिखाई ये खबर ????? ये खबर हर मिडिया के पेज पर मैं तो डालने जा रहा हूँ , और दूंगा उन्हें खुलकर गालिया !!!!

मोदी के आने से देश नही सुधरेगा , देश सुधरेगा तुम्हारे सुधरने से !!!

वंदेमातरम्

अमित तेवतिया '' निःशब्द ''

अल्लाहु अकबर के नारे लगा लगा के इन बच्चो के शरीर का एक एक अंग कटा गया, पुरुष अंग तक कटा गया ! पत्थरो से मार मार के जान ले ली गयी और मरने के बाद भी लाश का सर कलम कर दिया गया ! मरने वाले हिन्दू और मारने वाले मुसलमान ! मरने वालो का कसूर इतना की बहन के साथ छेड़छाड़ बर्दाश्त नहीं कर पाए ! उत्तर प्रदेश का हर मुसलमान अपने को अखिलेश और मुलायम समझने लगा है ! पिछले एक सप्ताह में 6 सांप्रदायिक दंगे 10 से ज्यादा की मौत ! ये हालत तो अकेले मुज़फ्फर नगर जिले के है !उत्तर प्रदेश जल रहा है ! अब सेकुलरो को समझाने के लिए क्या करे? मीडिया कहाँ है कुछ पता नहीं ! शायद आशाराम वाला मुद्दा ज्यादा TRP देता है !
हिन्दू मुस्लिम की एकता की बात केवल वो लोग करते है जिनका ह्रदय निष्ठुर है जो दुसरो के दर्द को समझने की काबिलियत नहीं रखते या वो लोग है जिनको इतिहास का मुसलमानों की मानसिकता और ज़मीनी यथार्त का ज्ञान नहीं है
#जसवीर

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें